Hindi lyric आप निराले, शान निराली, ग़ौस-ए-आ’ज़म जीलानी / Aap Nirale Shan Nirali Maqabat

आप निराले, शान निराली, ग़ौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

भर दो मेरी झोली ख़ाली, गौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

दर पे तुम्हारे मँगता खड़ा है, दिल में करम की आस लिए

दूर करो मेरी बद-हाली, गौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

आपकी मां ने अपने शिकम में आधा हाफ़िज़ कर डाला

आप की माँ भी अल्लाह वाली, ग़ौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

आप की माँ ने अपने शिकम में आधा हाफ़िज़ कर डाला

आप की माँ भी अल्लाह वाली, गौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

आप के वालिद ने अनजाना सेब जो खाया उस के ‘इवज़

बाग़ की, की बरसों रख वाली, गौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

क़ब्र में जिस दम आप का शैदा ख़ौफ़ से थर्रा उट्ठा था

आप ने आ कर लाज बचा ली, ग़ौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

सब कुछ मिल जाए ताहिर जो तू मिल जाए ताहिर को

तुझ से है ताहिर तेरा सवाली, गौस-ए-आ’ज़म जीलानी !

शायरः ताहिर रज़ा रामपुरी

ना’त-ख़्वाँः ताहिर रज़ा रामपुरी

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